
चली चली रे पालकी श्री राम की: भजन (Chali Chali Re Palki Shree Ram Ki)
चली चली रे, चली चली रे, चली चली रे पालकी श्री राम
भगवान श्री राम और माता सीता के भजन, आरती, स्तुति और मंत्र हिंदी लिरिक्स में।

चली चली रे, चली चली रे, चली चली रे पालकी श्री राम

श्री राम जी का मंदिर बनाएंगे, भगवा ध्वज लहरायेंगे, मंदिर जब ये

जन्मे अवध में, दशरथ के ललना, बाजे शंख और नगाड़े, कौशल्या अंगना,

सीता विवाह के समय माता सीता के द्वारा गया गौरी पूजा भजन

मेरा तो बस एक सहारा, राम ए माँ, लागे सबते प्यारा, मेरा

राम नाम का प्याला प्यारे, पि ले सुबहो शाम, राम राम राम,

हे राम, हे राम जग में साचो तेरो नाम हे राम, हे

वनवास जा रहे है, रघुवंश के दुलारे, हारे है प्राण जिसने, लेकिन

केवट ने कहा रघुराई से, उतराई ना लूंगा हे भगवन, उतराई ना

कब सुधि लोगे मेरे राम, मैं तो नैन बिछाई तेरी राह में,

मेरे तन में भी राम, मेरे मन में भी राम, रोम रोम

ठुमक चलत रामचंद्र, ठुमक चलत रामचंद्र, बाजत पैंजनियां, ठुमक चलत रामचंद्र, बाजत

देखो पावन परम श्री राम के चरण, श्री राम के चरण, प्रभु

राम नाम ना गाया तूने, बस माया ही जोड़ी, राम नाम के

राम जन्मभूमि पर जाकर, जीत के दीप जलाएंगे, कलयुग के रावण अब

परम पूज्य संत श्री डोंगरे जी महाराज कहा करते थे जिन परिवारों

यह स्तुति भगवान शिव द्वारा प्रभु राम के अयोध्या वापस आपने के

रघुपति राघव राजाराम । पतितपावन सीताराम ॥ जय रघुनन्दन जय घनश्याम ।

शुरू हो रही है राम कहानी, शुरू हो रही हैं राम कहानी,

प्रेम मुदित मन से कहो, राम राम राम । श्री राम, राम