लाल लंगोटे वाले वीर हनुमान है,
हनुमान गढ़ी में बैठे,
अयोध्या की शान है,
लाल लंगोटे वालें वीर हनुमान है ॥
बजरंगी का हूँ मैं दीवाना,
हर दम गाऊं यही तराना,
तेरा ही इस जीवन पर एहसान है ॥
हनुमान गढ़ी में बैठे,
अयोध्या की शान है,
लाल लंगोटे वालें वीर हनुमान है ॥
तू मेरा मैं तेरा प्यारे,
ये जीवन अब तेरे सहारे,
बजरंगी ही सब भक्तों की जान है ॥
हनुमान गढ़ी में बैठे,
अयोध्या की शान है,
लाल लंगोटे वालें वीर हनुमान है ॥
पागल प्रीत की एक ही आशा,
दर्दे दिल दर्शन का प्यासा,
बजरंगी से ही भक्तों का सामान है ॥
हनुमान गढ़ी में बैठे,
अयोध्या की शान है,
लाल लंगोटे वालें वीर हनुमान है ॥
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तुझको अपना मान लिया है,
जीवन तेरे नाम किया है,
‘गुरु ब्रजमोहन देवेंद्र’ का तुझसे मान है ॥
हनुमान गढ़ी में बैठे,
अयोध्या की शान है,
लाल लंगोटे वालें वीर हनुमान है ॥
लाल लंगोटे वाले वीर हनुमान है,
हनुमान गढ़ी में बैठे,
अयोध्या की शान है,
लाल लंगोटे वालें वीर हनुमान है ॥
◉ श्री हनुमंत लाल की पूजा आराधना में हनुमान चालीसा, बजरंग बाण और संकटमोचन अष्टक का पाठ बहुत ही प्रमुख माने जाते हैं।








