
भजमन शंकर भोलेनाथ: भजन (Bhajman Shankar Bholenath)
भजमन शंकर भोलेनाथ, डमरू मधुर बजाने वाले, डमरू मधुर बजाने वाले, डमरू मधुर बजाने वाले, भजमन शंकर भोलेंनाथ, डमरू मधुर बजाने वाले ॥ मुक्ति हेतु

भजमन शंकर भोलेनाथ, डमरू मधुर बजाने वाले, डमरू मधुर बजाने वाले, डमरू मधुर बजाने वाले, भजमन शंकर भोलेंनाथ, डमरू मधुर बजाने वाले ॥ मुक्ति हेतु

हर जनम में बाबा तेरा साथ चाहिए, सिर पे मेरे बाबा तेरा हाथ चाहिए, सिलसिला ये टूटना नहीं चाहिए, मुझको मेरी भक्ति का इनाम चाहिए,

मैं आया उज्जैन महाकाल, बाबा मुझे दर्शन दे, दर्शन दे मुझे दर्शन दे, दर्शन दे मुझे दर्शन दे, तेरा प्यारा है दरबार, आज मुझे दर्शन

कल कल कल जहाँ निर्मल बहती, माँ गंगा की धार, है पावन शिव का धाम हरिद्वार, हैं पावन शिव का धाम हरिद्वार ॥ विष्णु नख

उज्जैनी में बाबा ने ऐसा, डमरू बजाया, मैं सुध बुध भूल आया, कितना प्यारा उज्जैनी, यहां दरबार सजाया, मैं सुध बुध भूल आया ॥ सुनाने

भोले ओ भोले आया दर पे, मेरे सिर पे, जरा हाथ तू फिरा दे, मेरे भाग्य को जगा दे ॥ सारे जग का तू विधाता,

जय महाकाल जय महाकाल, जय महांकाल जय महांकाल, जो पाप ताप का हरता है, जो युग परिवर्तन करता है, माँ आदिशक्ति को साथ लिए, जो
