सजा है प्यारा दरबार बाबा का,
भक्तों ने मिलकर के किया है,
श्रृंगार बाबा का,
सजा हैं प्यारा दरबार बाबा का,
लगे है न्यारा दरबार बाबा का ॥
भक्तों ने मिलकर के,
बाबा को है आज बुलाया,
गेंदा चम्पा और चमेली,
फूलों से है सजाया,
रंग बिरंगे फूलों का है हार बाबा का,
सजा हैं प्यारा दरबार बाबा का,
लगे है न्यारा दरबार बाबा का ॥
मुख मंडल की आभा ऐसी,
सूरज फीका लागे,
करके दर्शन बाबा का मेरी,
सोई किस्मत जागे,
आओ मिलकर के करलो,
सब दीदार बाबा का,
सजा हैं प्यारा दरबार बाबा का,
लगे है न्यारा दरबार बाबा का ॥
बनड़े जैसा सजा हुआ है,
माँ अंजनी का लाला,
देख देख कर मन वारी हो,
ऐसा रूप निराला,
‘नरसी’ के संग गा लो,
मंगलाचार बाबा का,
सजा हैं प्यारा दरबार बाबा का,
लगे है न्यारा दरबार बाबा का ॥
जाट वर्ग तथा समराथल ...... समराथल कथा भाग 7
मेरो मन राम ही राम रटे रे: भजन (Mero Maan Ram Hi Ram Rate Re)
सजा है प्यारा दरबार बाबा का,
भक्तों ने मिलकर के किया है,
श्रृंगार बाबा का,
सजा हैं प्यारा दरबार बाबा का,
लगे है न्यारा दरबार बाबा का ॥








