सारी दुनिया में मच रहयो हेलो,
म्हारो सेठ बड़ो अलबेलो,
ओ म्हारो सेठ बडो अलबेलो
मैं तो बन गयो आ को चेलो,
म्हारो सेठ बडो अलबेलो ॥
म्हारे सेठ जी की,
म्हारे ऊपर किरपा घणी,
म्हारो मालिक है बस,
म्हारो श्याम धणी,
कोई चिंता ना कोई झमेलो,
म्हारो सेठ बडो अलबेलो,
सारी दुनिया में मच रहयो हेलो,
म्हारो सेठ बडो अलबेलो ॥
आकी चरणा की रोज,
म्हाने सेवा मिले,
भारी तनखा मिले,
खावन मेवा मिले,
सागे सागे यो दिखावे है गेलो,
म्हारो सेठ बडो अलबेलो,
सारी दुनिया में मच रहयो हेलो,
म्हारो सेठ बडो अलबेलो ॥
धन धन म्हारा भाग,
इसो सेठ मिल्यो,
म्हाने जो भी मिल्यो,
भर पेट मिल्यो,
म्हारे लागे कोणी एक भी ढेलो,
म्हारो सेठ बडो अलबेलो,
सारी दुनिया में मच रहयो हेलो,
म्हारो सेठ बडो अलबेलो ॥
‘केशव’ महिमा थारी,
यूं ही गातो रवे,
थाने मीठा मीठा भजन,
सुनातो रवे,
थारी चौखट पे लाग्यो रवे मेलो,
म्हारो सेठ बडो अलबेलो,
सारी दुनिया में मच रहयो हेलो,
म्हारो सेठ बडो अलबेलो ॥
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सारी दुनिया में मच रहयो हेलो,
म्हारो सेठ बड़ो अलबेलो,
ओ म्हारो सेठ बडो अलबेलो
मैं तो बन गयो आ को चेलो,
म्हारो सेठ बडो अलबेलो ॥








