मेरी रसना से प्रभु तेरा नाम निकले,
हर घड़ी हर पल राम राम निकले ॥
मन मंदिर में ज्योत जगाउंगी,
प्रभु सदा मैं तेरे गुण गाउंगी,
मेरे रोम रोम से तेरा नाम निकले,
मेरे रोम रोम से तेरा नाम निकले,
हर घड़ी हर पल राम राम निकले,
मेरी रसना से प्रभु तेरा नाम निकलें,
हर घड़ी हर पल राम राम निकले ॥
मेरे अवगुण चित्त से भुला देना,
मेरी नैया को पार लगा देना,
तेरी पूजा में जीवन तमाम निकले,
हर घड़ी हर पल राम राम निकले,
मेरी रसना से प्रभु तेरा नाम निकलें,
हर घड़ी हर पल राम राम निकले ॥
तेरी महिमा का सदा गुणगान करूँ,
तेरे वचनों का नित मैं ध्यान धरूँ,
तेरी भक्ति में सुबह और शाम निकले,
हर घड़ी हर पल राम राम निकले,
मेरी रसना से प्रभु तेरा नाम निकलें,
हर घड़ी हर पल राम राम निकले ॥
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मेरी रसना से प्रभु तेरा नाम निकले,
हर घड़ी हर पल राम राम निकले ॥








