
मस्त महीना फागण का खुशियों का आलम छाया: भजन (Mast Mahina Fagan Ka Khushiyo Ka Aalam Chaya)
मस्त महीना फागण का, खुशियों का आलम छाया, चालो चालो खाटू धाम, मेला फागण का है आया ॥ रंग गुलाल अबीर लाया, लाया भर पिचकारी,

मस्त महीना फागण का, खुशियों का आलम छाया, चालो चालो खाटू धाम, मेला फागण का है आया ॥ रंग गुलाल अबीर लाया, लाया भर पिचकारी,

श्री राधे गोविंदा, मन भज ले हरी का प्यारा नाम है । गोपाला हरी का प्यारा नाम है, नंदलाला हरी का प्यारा नाम है ॥

हर ग्यारस खाटू में, अमृत जो बरसता है, उस अमृत को पीने, हर भक्त पहुँचता है, हर ग्यारस खाटु में, अमृत जो बरसता है ॥

नटखट नटखट नंदकिशोर, माखन खा गयो माखनचोर, पकड़ो पकड़ो दौड़ो दौड़ो, कान्हा भागा जाये, कभी कुंज में, कभी कदम पे, हाथ नहीं ये आये, गोकुल

बात हमारी बड़े पते की, गौर होना चाहिये, आ गया फागुन मेला, अब तो शोर होना चाहिये, बात हमारी बड़े पते की ॥ रंग रंगीला

ओ मोरछड़ी वाले, कब तक तेरी राह तकूँ, लाज बचा ले बाबा, हारे का सहारा तू ॥ कैसे कहूं तुझे, कितना मैं चाहूँ, हर पल

मेरी पूजा को सफल बनाओ, तुम बनाओ, गणराज गजानन आओ, गणराज गजानन आओ ॥ खजराना से पधारो जी गजानन, चिंतामन से पधारो जी गजानन, रिद्धि
