
देवो में सबसे बड़े, मेरे महादेव हैं – भजन (Devo Me Sabse Bade Mere Mahadev Hai)
देवो में सबसे बड़े, मेरे महादेव हैं, सर्पो की गले माल, चंद्रमा सोहे भाल, अद्भुत महादेव है ॥ हे त्रिपुरारी हे गंगाधारी, सृष्टि के शिव

देवो में सबसे बड़े, मेरे महादेव हैं, सर्पो की गले माल, चंद्रमा सोहे भाल, अद्भुत महादेव है ॥ हे त्रिपुरारी हे गंगाधारी, सृष्टि के शिव

मेरे भोले बाबा जटाधारी शम्भू, हे नीलकंठ त्रिपुरारी हे शम्भू ॥ नंदी की सवारी है, गौरा मैया साथ है, डोर ये जीवन की, तेरे ही

मेरे नाथ केदारा, तेरे नाम का सहारा, तेरे नाम की है जोली, तेरे नाम का गुजारा, रुठा अच्छा नहीं लागे मेरा केदारा, निकला हूं आज

हरी हरी भांग का मजा लीजिये, सावन में शिव की बूटी पिया कीजिये, सावन में शिव की बूटी पिया कीजिये ॥ इसकी हर पत्ती में

शिव समान दाता नहीं, है ये देवों के है देव, भक्तों के हित विष पिया, कहलाए महादेव ॥ भोले ऐसी भांग पिला दे, जो तन

महिमा तेरी समझ सका ना, कोई भोले शंकर, कभी तो भोले भंडारी हो, कभी तो रूप भयंकर, कभी तो भोले भंडारी हो, कभी तो रूप

कैलाश शिखर से उतर कर, मेरे घर आए है भोले शंकर ॥ आ गए है प्रभु गौरा मैया के संग, आ गए है प्रभु गौरा
