
इस योग्य हम कहाँ हैं, गुरुवर तुम्हें रिझायें: भजन (Is Yogya Ham Kahan Hain, Guruwar Tumhen Rijhayen)
इस योग्य हम कहाँ हैं इस योग्य हम कहाँ हैं, गुरुवर तुम्हें रिझायें । फिर भी मना रहे हैं, शायद तु मान जाये ॥ जब

इस योग्य हम कहाँ हैं इस योग्य हम कहाँ हैं, गुरुवर तुम्हें रिझायें । फिर भी मना रहे हैं, शायद तु मान जाये ॥ जब

विधाता तू हमारा है, तू ही विज्ञान दाता है । बिना तेरी दया कोई, नहीं आनन्द पाता है ॥ तितिक्षा को कसौटी से, जिसे तू

हो जो नजरे करम आपकी, फिर नहीं डर है संसार की, एक नजर दास पर हो कभी, एक नजर दास पर हो कभी, फिर नहीं

वृंदावन जाने को जी चाहता है, राधे राधे गाने को जी चाहता है । वृदावन मेरे बांके बिहारी, बांके बिहारी की लीला है न्यारी, ये

बााबा नेने चलियौ हमरो अपन नगरी, बाबा लेले चलियौ हमरो अपन नगरी, अपन नगरी हो झारखण्ड डगरी बबा लेले चलियौ हमरो अपन नगरी, बाबा लेले

पार करेंगे नैया भज कृष्ण कन्हैया । पार करेंगे नैया भज कृष्ण कन्हैया । निस दिन भज गोपाल प्यारे, मोर मुकुट पीतांबर वारे । भगतो

जय हो बैजनाथ जय हो भोले भंडारी जय हो बैजनाथ जय हो भोले भंडारी जय हो बैजनाथ जय हो भोले भंडारी बोल बम बम, बम
