
कण-कण में है राम समाया, जान सके तो जान: भजन (Kan Kan Me Hai Ram Samaya Jan Sake Too Jan)
मंदिर-मंदिर जाकर प्राणी, ढूंढ रहा भगवान, कण-कण में है राम समाया, जान सके तो जान, कण-कण में है राम समाया, जान सके तो जान ॥

मंदिर-मंदिर जाकर प्राणी, ढूंढ रहा भगवान, कण-कण में है राम समाया, जान सके तो जान, कण-कण में है राम समाया, जान सके तो जान ॥

बृन्दावन का कृष्ण कन्हैया सब की आँखों का तारा मन ही मन क्यों जले राधिका मोहन तो है सब का प्यारा ॥ बृन्दावन का कृष्ण

बांके बिहारी मुझे देना सहारा, कहीं छूट जाए ना दामन तुम्हारा॥ तेरे सिवा दिल में समाए ना कोई, लगन का यह दीपक भुजाये ना कोई,

नमो नमो जय, नमो शिवाय नमो नमो जय, नमो शिवाय कितने भोले मेरे शिव हैं कितने भोले मेरे शिव हैं करते हैं कमाल शंकर नमो

नैया मझधार मेरी, टूटी पतवार मेरी, बन के तू मांझी, आजा श्याम मेरे ॥ बन के सहारा मुझे, पार उतार दे, बिगड़ी ये ज़िंदगानी, इसको

तेरे द्वार खड़ा, तेरे द्वार खडा, मैं हार गया हूँ मेरे श्याम, मैं हार गया हूँ मेरे श्याम, तेरे द्वार खडा, तेरे द्वार खडा, नहीं

मुझे जो भी कुछ मिला है, तुमने ही सब दिया है, ओ साँवरे दाता मेरे, तेरा शुक्रिया है, ओ सांवरे दाता मेरे, तेरा शुक्रिया है
