
जागो वंशीवारे ललना, जागो मोरे प्यारे: भजन (Jago Bansivare Lalna Jago More Pyare)
जागो वंशीवारे ललना, जागो मोरे प्यारे । जागो वंशीवारे ललना, जागो मोरे प्यारे । रजनी बीती भोर भयो है, घर घर खुले किवारे । गोपी

जागो वंशीवारे ललना, जागो मोरे प्यारे । जागो वंशीवारे ललना, जागो मोरे प्यारे । रजनी बीती भोर भयो है, घर घर खुले किवारे । गोपी

मुरली बजा के मोहना, क्यों कर लिया किनारा। अपनों से हाय कैसा, व्यवहार है तुम्हारा॥ ढूंढा गली गली में, खोजा डगर डगर में। मन में

यशोदा जायो ललना, मैं वेदन में सुन आई, मैं वेदन में सुन आई, पुराणन में सुन आई, यशोदा जायों ललना, मैं वेदन में सुन आई

बड़ी देर भई, बड़ी देर भई, कब लोगे खबर मोरे राम, बड़ी देर भई, कहते हैं तुम हो दया के सागर, फिर क्यूँ खाली मेरी

नाम ना जाने, धाम ना जाने जाने ना सेवा पूजा जाने बस इतना अजान हम एक बिना नहीं दूजा तुम आशा विश्वास हमारे तुम धरती

राम को देख कर के जनक नंदिनी, बाग में वो खड़ी की खड़ी रह गयी। राम देखे सिया को सिया राम को, चारो अँखिआ लड़ी

मुझे अपनी शरण में ले लो राम, ले लो राम! लोचन मन में जगह न हो तो जुगल चरण में ले लो राम, ले लो
