अरे आये रे आये नवरात रे,
आज झूमो रे झूमो सारी रात रे,
आज झूमो रे झूमो सारी रात रे ॥
माँ शेरोवाली की ज्योत जगी है,
दुल्हन सी मैया देखो सजी है,
देवी देवता भी आए है साथ रे,
आज झूमो रे झूमो सारी रात रे,
आज झूमो रे झूमो सारी रात रे ॥
लाल चुनर माँ को चोला चढ़ाओ,
झूम झूम के भजन माँ के गाओ,
सारे खुशियां मनाओ हाँ आज रे,
आज झूमो रे झूमो सारी रात रे,
आज झूमो रे झूमो सारी रात रे ॥
माँ शेरावाली से लगन लगा ले,
माँ की शरण में शीश झुका ले,
आज बिगड़ी बनेगी बात रे,
आज झूमो रे झूमो सारी रात रे,
आज झूमो रे झूमो सारी रात रे ॥
अरे आये रे आये नवरात रे,
आज झूमो रे झूमो सारी रात रे,
आज झूमो रे झूमो सारी रात रे ॥
पुरुषोत्तम मास माहात्म्य कथा: अध्याय 16 (Purushottam Mas Mahatmya Katha: Adhyaya 16)
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