जगन्नाथ जगन्नाथ जगन्नाथ जगन्नाथ
चारों धाम में सबसे बड़ा है ,जगन्नाथ धाम
जगन्नाथ भगवान की, महिमा अपरम्पार
भक्तों को दर्शन देते,करते उनके काम।
कर लो भक्तों ,जगन्नाथ का ध्यान बारंबार।
जगन्नाथ जगन्नाथ जगन्नाथ जगन्नाथ
भज लो रे भक्तों जगन्नाथ को
तर जाओगे भव सागर पार।
तन मन जीवन अर्पण कर दो
प्रभु की , लीला अपरम्पार।
जगन्नाथ जगन्नाथ जगन्नाथ जगन्नाथ
सात पुरियों में एक है ,जगन्नाथ पुरी धाम
जगन्नाथ के भात को ,जगत पसारे हाथ।
करलो भक्तों महाप्रभु के ,दर्शन बारंबार
जहां विराजे जगन्नाथ ,बलभद्र ,सुभद्रा साथ।
जगदम्बे भवानी माँ, तुम कुलदेवी मेरी: भजन (Jagdambe Bhawani Maa Tum Kuldevi Meri)
उड़ उड़ जा रे पंछी: भजन (Ud Ud Ja Re Panchhi )
श्री सत्यनारायण जी आरती (Shri Satyanarayan Ji Ki Aarti)
जगन्नाथ जगन्नाथ जगन्नाथ जगन्नाथ
Post Views: 515








