
भोले शंकर तेरे दर्शन को: भजन (Bhole Shankar Tere Darshan Ko)
भोले शंकर तेरे दर्शन को, लाखों कावड़ियाँ आए रे, भांग धतुरा रगड़ रगड़ के, गंगा नीर चढ़ाए रे, भोले शँकर तेरे दर्शन को, लाखों कावड़ियाँ

भोले शंकर तेरे दर्शन को, लाखों कावड़ियाँ आए रे, भांग धतुरा रगड़ रगड़ के, गंगा नीर चढ़ाए रे, भोले शँकर तेरे दर्शन को, लाखों कावड़ियाँ

प्रथमेश गजानन नाम तेरो, हृदय में पधारो मेहर करो, हृदय में पधारो मेहर करो, अमृत रस म्हा पर बरसाओ, आ जाओ अब ना देर करो,

हे नाथ दया करके, मेरी बिगड़ी बना देना, अब तक जो निभाया है, आगे भी निभा देना, आगे भी निभा देना, हें नाथ दया करके,

अपना है सेठ गणपति लाला, शिव शंकर सूत देव गणपति, देवो में बलकारी, सबसे पहले तेरा सुमिरण, करती दुनिया सारी, देवो में देव है निराला,

गौरी नंदन तेरा वंदन, करता है संसार, तुझे सब प्रथम मनाते, प्रेम से तुझे बुलाते, गौरी नन्दन तेरा वंदन, करता है संसार ॥ मात पिता

दरस एक बार दिखाना रे, शिव शंकर डमरू वाले ॥ इतना बताओ शम्भू मेरे, तुमने कहाँ कहाँ डाले डेरे, मुझे वो द्वार बताना रे, शिव

मैं थाने सिवरू गजानन देवा, वचनों रा पालनहारा जी ओ ॥ श्लोक – सुंडाला दुःख भंजना, सदा जो वालक वेश, सारों पहले सुमरिये, गवरी नन्द
