तेरे दर जबसे ओ भोले,
आना जाना हो गया,
आना जाना हो गया मेरा,
आना जाना हो गया,
मिल गई खुशियां सभी मेरा,
तू खजाना हो गया,
तेरे दर जब से ओ भोलें,
आना जाना हो गया ॥
बनके भवरा मैं था भटका,
फूल खिला ना मन कभी,
थामी जब उंगली ओ भोले,
जग बेगाना हो गया,
तेरे दर जब से ओ भोलें,
आना जाना हो गया ॥
कोई चला ना साथ मेरे,
कहते थे पागल सभी,
तूने रख दिया हाथ सर पे,
मैं सयाना हो गया,
तेरे दर जब से ओ भोलें,
आना जाना हो गया ॥
आँखों में आंसू भरे है,
लब पे फरियाद यही,
तेरे चरणों का ये भोले,
दिल दीवाना हो गया,
तेरे दर जब से ओ भोलें,
आना जाना हो गया ॥
तेरे बिन कोई ना अपना,
ना अर्चू पहचान है,
तेरी चौखट ही ओ भोले,
अब ठिकाना हो गया,
तेरे दर जब से ओ भोलें,
आना जाना हो गया ॥
श्री राम कथा ओर जाम्भोजी भाग 1
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तेरे दर जबसे ओ भोले,
आना जाना हो गया,
आना जाना हो गया मेरा,
आना जाना हो गया,
मिल गई खुशियां सभी मेरा,
तू खजाना हो गया,
तेरे दर जब से ओ भोलें,
आना जाना हो गया ॥








