प्रथमेश गजानन नाम तेरो,
हृदय में पधारो मेहर करो,
हृदय में पधारो मेहर करो,
अमृत रस म्हा पर बरसाओ,
आ जाओ अब ना देर करो,
प्रथमेश गजानंद नाम तेरो,
प्रथमेश गजानंद नाम तेरो ॥
म्हारे आंगण पाँव धरो देवा,
पावन कर दो म्हारी कर्म धरा,
हे सिद्धिविनायक गणनायक,
हे सिद्धिविनायक गणनायक,
इतनी सी अरज स्वीकार करो,
प्रथमेश गजानंद नाम तेरो,
प्रथमेश गजानंद नाम तेरो ॥
हे एकदन्त शंकर सुवन,
सगळा का काज सरया थासु,
म्हणे अपनी शरण में रख लीजो,
म्हणे अपनी शरण में रख लीजो,
म्हारो भी थे उद्धार करो,
प्रथमेश गजानंद नाम तेरो,
प्रथमेश गजानंद नाम तेरो ॥
भक्ता का पालनहार गजानंद,
शिव अमृत अभिनन्दन है,
हे सुखकर्ता हे विघ्नहर्ता,
हे सुखकर्ता हे विघ्नहर्ता,
हर सुख का नमन स्वीकार करो,
प्रथमेश गजानंद नाम तेरो,
प्रथमेश गजानंद नाम तेरो ॥
राम नाम सुखदाई, भजन करो भाई - भजन (Ram Naam Sukhdai Bhajan Karo Bhai Yeh Jeevan Do Din Ka)
कार्तिक मास माहात्म्य कथा: अध्याय 8 (Kartik Mas Mahatmya Katha: Adhyaya 8)
हे शिव भोले मुझ पर, दो ऐसा रंग चढ़ाय: भजन (Hey Shiv Bhole mMujhpar Do Aisa Rang Chadaye)
प्रथमेश गजानन नाम तेरो,
हृदय में पधारो मेहर करो,
हृदय में पधारो मेहर करो,
अमृत रस म्हा पर बरसाओ,
आ जाओ अब ना देर करो,
प्रथमेश गजानंद नाम तेरो,
प्रथमेश गजानंद नाम तेरो ॥








