म्हाने आछो लागे महाराज दर्शन जांभ जी रो भजन :- आणद हियो रे अपार पिपासर नगरी में। आणद हुओ अपार पीपासर नगरी में । खुशी भये नर नार पीपासर नगरी में ।।टेर।। पीपासर में आनंद भारी, तृलोकी अवतारी । स्वर्ग लोक सुर बाजा बाजे, खुशी भये नर नारी। …

गिरधर गोकुल आव भजन :- गिरधर गोकुल आव गिरधर गोकुल आव गोपी संदेशो मोकलो । मोहि दरशण रो राव, प्रेम पियारा कानजी ।टेक । थारे माथे मुकुट सु ढाल, केसर तिलक जू हद बण्यो ।…

जोगियों के प्रति शब्दोपदेश जोगियों के प्रति शब्दोपदेश कनफड़ो जोगी जांभजी कह जुरे आयो, आय अभखल बाणी बोल्यो, जांभजी बरज्यो। जाम्भेजी वायक कह – …

             शब्द ईलोल सागर भाग 2   वहां से आगे बढ़ने पर एक देश मै, वहां पर सभी भक्तजन अल्पाहार करते हैं । वहां से आगे पंहुचे तो मैंने देखा कि सूर्य की किरणों से रसोई पकती है। उनके पास कुछ ऐसी ही युक्ति थी…

स्नान क्यों करना चाहिए साहू को स्नान का महत्व बतलाना(स्नान क्यों करना चाहिए) बिजनौर को चौधरी गांव साहू गंगा पार सु आयो,तागड़ी सोनो चाड़यौ । जाम्भोजी !…

तारण हार थला शिर आयो साखी – तारण हार थला शिर आयो तारण हार थलां शिर आयो, जे कोई तिरै सो तिरियो जीवन। जेजीवड़ा को भल पण चाहो सेवा विष्णु की करियो जीवन। मिनखा देही पड़े पुराणी भले न लाभै पुरीयो जीवन । अड़सठ तीरथ एक…